गांव-गांव ढाणी सैरां में अलख जगावौ रे
राजस्थांनी भासा नै गळै लगावौ रे
मायड़ भासा नै सगळाई हिवड़ै लगावौ रे
इण में मीरा री भगती है
इण में वीरां री सगती है
आवौ नीं अणमोल खजानौ खोल बतावौ रे
इण में पदमण री पूंजी है
आजादी इण्में गूंजी है
गफ़लत में सूतां भाया नै परा जगावौ रे
प्रीत कळसिया भर-भर पाया
हालरियौ पूतां रै सुलाया
मावड़ री ममता नै भायां कियां भुलावौ रे
सावण बरसै इंदर गाजै
ढोल नगाड़ा इणमें बाजै
सातौईं फेरा खावै लाडेसर आवै सावौ रे
कुटंब-कबीला एक राखिया
इमरत रा फळ आपां चाखिया
घर सूं काढ़ स्यान थां मत घमावौ रे
रेत में रमियोड़ी भासा
मिनखां रै मनड़ै री आसा
मानतौ मिळ जावै इणनै जतन करावौ रे
इणमें मूमल री मेड़ी है
प्रीत-रीत राचै जैड़ी है
ढोला-मारु हुया मुलक में कोई बतावौ रे
उड़ उड़ रे म्हारा, काळा रे कागला
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
उड़ उड़ रे म्हारा, काळा रे कागला
कद म्हारा पीव्जी घर आवे
कद म्हारा पीव्जी घर आवे , आवे र आवे
कद म्हारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे म्हारा काळा र कागला
कद माहरा पीव्जी घर आवे
खीर खांड रा जीमण जीमाऊँ
सोना री चौंच मंढाऊ कागा
जद म्हारा पिव्जी घर आवे, आवे रे आवे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
म्हारा काळा र कागला
कद माहरा पीव्जी घर आवे
पगला में थारे बांधू रे घुघरा
गला में हार कराऊँ कागा
जद महारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे
महारा काळा रे कागला
कद महारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ र महारा काला र कागला
कद महरा पिव्जी घर आवे
जो तू उड़ने सुगन बतावे
जनम जनम गुण गाऊँ कागा
जद मारा पिव्जी घर आवे , आवे र आवे
जद म्हारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे महारा काळा रे कागला
कद म्हारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे म्हारा काळा रे कगला
जद म्हारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
उड़ उड़ रे म्हारा, काळा रे कागला
कद म्हारा पीव्जी घर आवे
कद म्हारा पीव्जी घर आवे , आवे र आवे
कद म्हारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे म्हारा काळा र कागला
कद माहरा पीव्जी घर आवे
खीर खांड रा जीमण जीमाऊँ
सोना री चौंच मंढाऊ कागा
जद म्हारा पिव्जी घर आवे, आवे रे आवे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
म्हारा काळा र कागला
कद माहरा पीव्जी घर आवे
पगला में थारे बांधू रे घुघरा
गला में हार कराऊँ कागा
जद महारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे
महारा काळा रे कागला
कद महारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ र महारा काला र कागला
कद महरा पिव्जी घर आवे
जो तू उड़ने सुगन बतावे
जनम जनम गुण गाऊँ कागा
जद मारा पिव्जी घर आवे , आवे र आवे
जद म्हारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे महारा काळा रे कागला
कद म्हारा पिव्जी घर आवे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे
उड़ उड़ रे उड़ उड़ रे म्हारा काळा रे कगला
जद म्हारा पिव्जी घर आवे
जय जय राजस्थान
ओ गोरे धोरा री धरती रो, पिच रंग पाड़ा री धरती रो
पितळ पाथळ री धरती रो, मीरा कर्माँ री धरती रो
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
ओ गोरे धोरा री धरती रो, पिच रंग पाड़ा री धरती रो
पितळ पाथळ री धरती रो, मीरा कर्माँ री धरती रो
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
कोटा बूंदी भलो भरतपुर, अलवर और अजमेर
कोटा बूंदी भलो भरतपुर, अलवर और अजमेर
पुष्कर तीरथ बडो के जिणरी महिमा चारो उमेर
दे अजमेर शरीफ औलिया ... (२), नित सत रो परमाण
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
दशों दिशा वा में गूंजे रे, वीरां रो गुणगान
दशों दिशा वा में गूंजे रे, वीरां रो गुणगान
हल्दीघाटी अर प्रताप रे तप पर जग कुर्बान
चेतक अर चित्तौड़ पर सारे .. (२) जग ने है अभिमान
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
उदियापुर में एकलिंगजी, गणपति रणथम्भोर
उदियापुर में एकलिंगजी, गणपति रणथम्भोर
जयपुर में आमेर भवानी, जोधाणे मंडौर
बिकाणे में करणी माता ... (२), राठोडा री शान
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
आबू छत्तर तो सीमा रो रक्षक जैसलमेर
आबू छत्तर तो सीमा रो रक्षक जैसलमेर
इण रे गढ़ रा परपोटा है बाँका घेर घुमेर
घर घर गूंजे मेडतणी ... (२), मीरा रा मीठा गान
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
राणी सती री शेखावाटी, जंगल मंगल करणी
राणी सती री शेखावाटी, जंगल मंगल करणी
खाटू वाले श्याम धणी री महिमा जाए न बरणी
करणी बरणी रोज चलावे ... (२) वायड री संतान
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
गोगा पाबू तेजो दांडू, झाम्भोजी री वाणी
गोगा पाबू तेजो दांडू, झाम्भोजी री वाणी
रामदेव के पर्चा री लीला किणसूं अणज्ञाणी
जेमल पत्ता भामाशा री ... (२) आ धरती है खाण
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
वीर पदमणी, हाड़ी राणी, जेडी सतियाँ जाई
वीर पदमणी, हाड़ी राणी, जेडी सतियाँ जाई
जोधा दुर्गा दाससा जन्म्या, जन्मी पन्ना धाई
जौहर और झुंझार सूं होवे... (२) इणरी खरी पिछाण
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
ओ गोरे धोरा री धरती रो, पिच रंग पाड़ा री धरती रो
पितळ पाथळ री धरती रो, मीरा कर्माँ री धरती रो
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
पितळ पाथळ री धरती रो, मीरा कर्माँ री धरती रो
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
ओ गोरे धोरा री धरती रो, पिच रंग पाड़ा री धरती रो
पितळ पाथळ री धरती रो, मीरा कर्माँ री धरती रो
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
कोटा बूंदी भलो भरतपुर, अलवर और अजमेर
कोटा बूंदी भलो भरतपुर, अलवर और अजमेर
पुष्कर तीरथ बडो के जिणरी महिमा चारो उमेर
दे अजमेर शरीफ औलिया ... (२), नित सत रो परमाण
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
दशों दिशा वा में गूंजे रे, वीरां रो गुणगान
दशों दिशा वा में गूंजे रे, वीरां रो गुणगान
हल्दीघाटी अर प्रताप रे तप पर जग कुर्बान
चेतक अर चित्तौड़ पर सारे .. (२) जग ने है अभिमान
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
उदियापुर में एकलिंगजी, गणपति रणथम्भोर
उदियापुर में एकलिंगजी, गणपति रणथम्भोर
जयपुर में आमेर भवानी, जोधाणे मंडौर
बिकाणे में करणी माता ... (२), राठोडा री शान
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
आबू छत्तर तो सीमा रो रक्षक जैसलमेर
आबू छत्तर तो सीमा रो रक्षक जैसलमेर
इण रे गढ़ रा परपोटा है बाँका घेर घुमेर
घर घर गूंजे मेडतणी ... (२), मीरा रा मीठा गान
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
राणी सती री शेखावाटी, जंगल मंगल करणी
राणी सती री शेखावाटी, जंगल मंगल करणी
खाटू वाले श्याम धणी री महिमा जाए न बरणी
करणी बरणी रोज चलावे ... (२) वायड री संतान
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
गोगा पाबू तेजो दांडू, झाम्भोजी री वाणी
गोगा पाबू तेजो दांडू, झाम्भोजी री वाणी
रामदेव के पर्चा री लीला किणसूं अणज्ञाणी
जेमल पत्ता भामाशा री ... (२) आ धरती है खाण
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
वीर पदमणी, हाड़ी राणी, जेडी सतियाँ जाई
वीर पदमणी, हाड़ी राणी, जेडी सतियाँ जाई
जोधा दुर्गा दाससा जन्म्या, जन्मी पन्ना धाई
जौहर और झुंझार सूं होवे... (२) इणरी खरी पिछाण
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
ओ गोरे धोरा री धरती रो, पिच रंग पाड़ा री धरती रो
पितळ पाथळ री धरती रो, मीरा कर्माँ री धरती रो
कितरो, कितरो मैं कराँ रे बखाण
कण कण सूं गूंजे, जय जय राजस्थान
घर गूंज्या भाई धर्मजला
घर गूंज्या भाई धर्मजला
धर्मजला भाई धर्मजला हो हो
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